नई दिल्ली, 24 जुलाई 2026: भारत में तेजी से बढ़ती बुजुर्ग आबादी के बीच Senior Living सेक्टर में बड़ा निवेश होने जा रहा है। Primus Senior Living और HDFC Capital ने मिलकर ₹2,000 करोड़ का Senior Living Platform बनाने के लिए साझेदारी की है। कंपनियों के मुताबिक, यह भारत के सीनियर लिविंग सेक्टर में अब तक के सबसे बड़े संस्थागत निवेश प्लेटफॉर्म में से एक है।
इस साझेदारी के तहत देश के 6 प्रमुख शहरों में Senior Living Communities विकसित की जाएंगी। इन प्रोजेक्ट्स में घर खरीदने के साथ-साथ किराये पर रहने का विकल्प भी उपलब्ध कराने की योजना है।
इस प्लेटफॉर्म का उद्देश्य भारत में Senior Living को केवल रियल एस्टेट प्रोडक्ट के बजाय एक संगठित और प्रोफेशनली मैनेज्ड Residential Asset Class के रूप में विकसित करना है।
2050 तक 34.6 करोड़ हो सकती है बुजुर्ग आबादी
भारत में Senior Living की मांग बढ़ने की एक बड़ी वजह देश में तेजी से बदल रही डेमोग्राफी है। कंपनी के मुताबिक, 2050 तक भारत में बुजुर्गों की आबादी करीब 34.6 करोड़ तक पहुंचने का अनुमान है।
बढ़ती लाइफ एक्सपेक्टेंसी, न्यूक्लियर फैमिली का चलन और रोजगार के लिए बच्चों का दूसरे शहरों या देशों में जाना भी प्रोफेशनली मैनेज्ड Senior Living Communities की मांग बढ़ा रहा है।
इसके बावजूद भारत में ऑर्गेनाइज्ड Senior Living की पहुंच अभी काफी कम है। कंपनी के मुताबिक, भारत में इस सेक्टर की penetration करीब 1.3% है, जबकि विकसित अंतरराष्ट्रीय बाजारों में यह लगभग 6% तक है।
यही अंतर कंपनियों और संस्थागत निवेशकों के लिए इस सेक्टर में बड़े अवसर की ओर इशारा करता है।
6 बड़े शहरों में तैयार होंगे Senior Living Projects
Primus और HDFC Capital का नया प्लेटफॉर्म भारत के छह प्रमुख शहरों में Senior Living Assets विकसित करेगा। हालांकि, कंपनियों ने अभी इन सभी शहरों के नामों की घोषणा नहीं की है।
इन प्रोजेक्ट्स में दो तरह के मॉडल पर काम किया जाएगा—Ownership और Rental-led Senior Living।
यानी कुछ प्रोजेक्ट्स में सीनियर सिटीजन्स घर खरीद सकेंगे, जबकि रेंटल मॉडल में बिना प्रॉपर्टी खरीदे भी ऐसी कम्युनिटी में रहने का विकल्प मिलेगा।
कंपनियों का फोकस ऐसी age-friendly communities विकसित करने पर रहेगा, जहां बुजुर्गों को रहने की सुविधा के साथ हेल्थ, वेलनेस, सोशल एंगेजमेंट और स्वतंत्र जीवन से जुड़ी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
Senior Living की मांग तेजी से बढ़ रही: Primus
Primus Senior Living & Marzi के Founder और Managing Director आदर्श नरहरि के मुताबिक, कंपनी भारत में पहले से Senior Living Communities को विकसित और ऑपरेट कर रही है और ऐसे प्रोजेक्ट्स की मांग बढ़ती दिखाई दे रही है।
उनका कहना है कि बड़ी संख्या में सीनियर सिटीजन्स अब ऐसा लाइफस्टाइल चाहते हैं, जहां वे स्वतंत्र रूप से रहने के साथ एक सक्रिय कम्युनिटी का हिस्सा भी बने रहें।
उन्होंने कहा कि HDFC Capital का हाउसिंग सेक्टर का अनुभव और लंबी अवधि के निवेश का नजरिया Senior Living सेक्टर को संस्थागत रूप देने में मदद कर सकता है।
HDFC Capital क्यों लगा रही है ₹2,000 करोड़?
HDFC Capital के CEO विपुल रूंगटा के मुताबिक, अनुकूल डेमोग्राफिक ट्रेंड के बावजूद भारत में purpose-built Senior Living Communities विकसित करने के लिए लंबी अवधि के संस्थागत निवेश की कमी बनी हुई है।
उनके मुताबिक, Primus के साथ साझेदारी के जरिए ऐसी संस्थागत स्तर की कम्युनिटी विकसित करने का लक्ष्य है, जो Active Ageing को सपोर्ट करने के साथ Senior Living को भारत में एक scalable residential asset class बनाने में मदद कर सके।
Housing के नए सेगमेंट पर HDFC Capital की नजर
Senior Living में निवेश HDFC Capital की व्यापक हाउसिंग रणनीति का हिस्सा है। कंपनी परंपरागत रेजिडेंशियल हाउसिंग के अलावा ऐसे सेगमेंट में भी निवेश बढ़ा रही है, जहां प्रोफेशनली मैनेज्ड और बड़े पैमाने पर विकसित किए जा सकने वाले हाउसिंग प्लेटफॉर्म की जरूरत है।
इस रणनीति में Senior Living के साथ Student Housing और Industrial Worker Housing भी प्रमुख फोकस एरिया हैं।
भारत में बुजुर्ग आबादी बढ़ने और परिवारों की संरचना बदलने के साथ Senior Living सेक्टर में डेवलपर्स और संस्थागत निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ सकती है। Primus और HDFC Capital का ₹2,000 करोड़ का प्लेटफॉर्म इसी उभरते बाजार में बड़े पैमाने पर प्रोजेक्ट विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।





