नई दिल्ली, 26 जुलाई 2026। मैत्रेयी महाविद्यालय ने अपनी स्थापना के 60 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में वर्षभर चलने वाले ‘हीरक जयंती’ समारोह का भव्य आगाज किया। फिट इंडिया अभियान के सहयोग से जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में आयोजित कर्टेन रेज़र कार्यक्रम में स्वास्थ्य, फिटनेस, राष्ट्रप्रेम और सांस्कृतिक गतिविधियों का संगम देखने को मिला।
समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व नीति आयोग सीईओ एवं सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी अमिताभ कांत उपस्थित रहे। वहीं, दिल्ली विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार डॉ. विकास गुप्ता ने विशिष्ट अतिथि के रूप में कार्यक्रम में शिरकत की। इस अवसर पर डॉ. मैथ्यू वर्गीस, डॉ. संतोष, गवर्निंग बॉडी की चेयरपर्सन प्रो. जगरीत कौर, प्राचार्या प्रो. हरित्मा चोपड़ा, उप-प्राचार्या प्रो. ज्योति सिंह और डॉ. शिप्रा वर्मा सहित कई गणमान्य अतिथि मौजूद रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत स्वास्थ्य और फिटनेस से जुड़ी गतिविधियों के साथ हुई। पारंपरिक दीप प्रज्ज्वलन के बाद महाविद्यालय की प्रेरणास्रोत ‘विदुषी मैत्रेयी’ के चित्र का अनावरण किया गया। इस दौरान ‘SUGAM’ इंडोर नेविगेशन ऐप का शुभारंभ करने के साथ ही बहुउद्देशीय खेल परिसर का लोकार्पण भी किया गया।
कारगिल विजय दिवस के अवसर पर कार्यक्रम में देश के वीर सैनिकों को श्रद्धांजलि दी गई। इस मौके पर पांच किलोमीटर लंबी साइकिल रैली का आयोजन किया गया, जिसमें महाविद्यालय के शिक्षकों, विद्यार्थियों और कर्मचारियों ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया। रैली के माध्यम से फिटनेस, अनुशासन, राष्ट्रप्रेम और सामूहिक सहभागिता का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम में महाविद्यालय की विभिन्न सांस्कृतिक सोसाइटियों के विद्यार्थियों ने भी आकर्षक प्रस्तुतियां दीं। सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समारोह को जीवंत बनाया और वर्षभर चलने वाले हीरक जयंती आयोजनों की उत्साहपूर्ण शुरुआत की।
आयोजन को सफल बनाने में फिट इंडिया टीम और शारीरिक शिक्षा विभाग की डॉ. शिप्रा वर्मा की महत्वपूर्ण भूमिका रही। स्टूडेंट यूनियन कोर टीम की डॉ. अनीता देवी (कन्वीनर), डॉ. ग़ज़ाला रूही एवं डॉ. पारुल यादव (को-कन्वीनर्स) और मीडिया कन्वीनर डॉ. बबीता चौधरी ने कार्यक्रम के समन्वय में योगदान दिया।
स्टूडेंट यूनियन प्रेसिडेंट दृष्टि कसाना, वाइस प्रेसिडेंट वैशाली, कोषाध्यक्ष गरिमा गुप्ता और जनरल सेक्रेटरी सुरमई ने भी आयोजन में सक्रिय भागीदारी की। महाविद्यालय के शिक्षक, विद्यार्थी और गैर-शिक्षक कर्मचारी बड़ी संख्या में समारोह में शामिल हुए।





