मुंबई, 15 अक्टूबर 2025 — आईसीआईसीआई लोम्बार्ड जनरल इंश्योरेंस कंपनी ने वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही (Q2 FY2026) के लिए अपने नतीजे जारी किए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट (PAT) सालाना आधार पर 18.1% बढ़कर ₹820 करोड़ हो गया है, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह ₹694 करोड़ था।
कंपनी के निदेशक मंडल ने वित्त वर्ष 2026 की पहली छमाही के लिए प्रति शेयर ₹6.50 का इंटरिम डिविडेंड घोषित किया है, जो पिछले साल के ₹5.50 प्रति शेयर से अधिक है।
🔹 प्रमुख वित्तीय बिंदु (Q2 और H1 FY2026)
➡ नेट प्रॉफिट (PAT):
- Q2 FY2026: ₹820 करोड़ (18.1% की वृद्धि)
- H1 FY2026: ₹1,567 करोड़ (22.9% की वृद्धि)
➡ कर पूर्व लाभ (PBT):
- Q2 FY2026: ₹1,077 करोड़ (17.2% की वृद्धि)
- H1 FY2026: ₹2,071 करोड़ (22.3% की वृद्धि)
➡ ग्रॉस डायरेक्ट प्रीमियम इनकम (GDPI):
- H1 FY2026: ₹14,331 करोड़, जो पिछले साल (₹14,409 करोड़) की तुलना में 0.5% कम है
- Q2 FY2026: ₹6,596 करोड़, जो पिछले साल (₹6,721 करोड़) से 1.9% कम है
ध्यान दें: 1 अक्टूबर 2024 से बीमा नियामक प्राधिकरण IRDAI के नए नियमों के तहत, लंबी अवधि वाले उत्पादों का लेखा-जोखा 1/n आधार पर किया जा रहा है। इसलिए, मौजूदा और पिछले साल के नतीजों की सीधी तुलना पूरी तरह संभव नहीं है।
अगर इस नए अकाउंटिंग नियम का असर हटाया जाए, तो कंपनी की GDPI में 4.2% की वृद्धि दर्ज हुई है, जबकि इंडस्ट्री की ग्रोथ 11.3% रही।
फसल बीमा और जन स्वास्थ्य बीमा को छोड़कर, कंपनी की GDPI 3.5% बढ़ी, जबकि इसी अवधि में इंडस्ट्री की ग्रोथ 10.5% रही।
🔹 ऑपरेशनल परफॉर्मेंस
➡ कंबाइंड रेश्यो:
- H1 FY2026: 104.0% (पिछले साल 103.2%)
- Q2 FY2026: 105.1% (पिछले साल 104.5%)
- अगर प्राकृतिक आपदा (CAT losses) को हटाया जाए, तो
- H1 FY2026: 103.3%
- Q2 FY2026: 103.8%
➡ प्राकृतिक आपदाओं से नुकसान (CAT Losses):
- H1 FY2026: ₹0.73 अरब
- H1 FY2025: ₹0.94 अरब
➡ कैपिटल गेन (निवेश से लाभ):
- H1 FY2026: ₹616 करोड़ (पिछले साल ₹521 करोड़)
- Q2 FY2026: ₹236 करोड़ (पिछले साल ₹237 करोड़)
🔹 डिविडेंड
कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने वित्त वर्ष 2026 की पहली छमाही के लिए प्रति शेयर ₹6.50 का इंटरिम डिविडेंड घोषित किया है। पिछले साल इसी अवधि में यह ₹5.50 प्रति शेयर था — यानी लगभग 18% की वृद्धि।
🔹 भविष्य की रणनीति
हालांकि कंपनी की ग्रॉस प्रीमियम इनकम में मामूली गिरावट दर्ज हुई है, लेकिन नए लेखांकन मानकों और सीमित फसल बीमा योगदान के बावजूद आईसीआईसीआई लोम्बार्ड ने मजबूत लाभप्रदता बनाए रखी है।
कंपनी अब रिटेल हेल्थ, मोटर और एसएमई सेगमेंट्स पर फोकस कर रही है और डिजिटल विस्तार एवं लागत नियंत्रण के जरिए आगे की वृद्धि की दिशा में काम कर रही है।







