देहरादून।
उत्तराखंड मानवाधिकार संरक्षण केंद्र द्वारा मानवाधिकार दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में राज्य के विभिन्न सामाजिक संगठनों और संस्थाओं को समाज के उत्थान व विकास में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया। इसी क्रम में जनजातीय क्षेत्र जौनसार-बावर, चकराता में शिक्षा और नारी सशक्तिकरण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य कर रही “जयराम सिंह मेमोरियल शिक्षण एवं नारी उत्थान समिति” को भी सम्मानित किया गया।
यह समिति डॉ. रणबीर सिंह, पूर्व संयुक्त सचिव, सीबीएसई द्वारा क्षेत्र में शिक्षा और महिला उत्थान को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्थापित की गई थी। मानवाधिकार संरक्षण केंद्र द्वारा आयोजित यह सम्मान समारोह होटल डैफ़ोडिल, राजपुर रोड, देहरादून में हुआ, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में श्री अभिनव कुमार (IPS), डीजीपी सुरक्षा, उत्तराखंड, एवं पूर्व न्यायाधीश श्री राजेश टंडन उपस्थित रहे। दोनों विशिष्ट अतिथियों ने कार्यक्रम में मौजूद गणमान्य व्यक्तियों, संस्थाओं के प्रतिनिधियों और जनमानस के समक्ष समिति को सम्मान प्रदान किया।
समिति के कार्यों की सराहना
इस अवसर पर फाउंडेशन के सचिव श्री जयपाल सिंह तोमर ने समिति की ओर से सम्मान स्वरूप मोमेंटो प्राप्त किया।
मानवाधिकार केंद्र के सचिव डॉ. कुंवर राज अस्थाना ने बताया कि समिति उत्तराखंड के सरकारी विद्यालयों, शिशु मंदिरों और विद्या भारती द्वारा संचालित स्कूलों में पुस्तकालयों की स्थापना का कार्य कर रही है। शिक्षा के क्षेत्र में समिति द्वारा किए जा रहे इस योगदान को विशेष रूप से सराहा गया।
इन विद्यालयों को मिली सहायता
समिति द्वारा जिन प्रमुख विद्यालयों में पुस्तकालय स्थापना और अन्य सहयोग दिया गया, उनमें शामिल हैं—
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राजकीय इंटर कॉलेज कोरुवा
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राजकीय इंटर कॉलेज डोभालवाला
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एसजीआर राजकीय इंटर कॉलेज सहसपुर
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अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज नेटवार, उत्तरकाशी
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पीएम श्री अटल उत्कृष्ट इंटर कॉलेज पुरोला
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राजकीय इंटर कॉलेज मुन्नाखाल, टिहरी
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कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय, कोरुवा कलसी
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सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज, डाकपत्थर
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गोवर्धन सरस्वती विद्या मंदिर, रेसकोर्स, देहरादून
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धालीपुर, देहरादून स्थित अन्य विद्यालय
कोविड काल में भी किया महत्वपूर्ण कार्य
समिति ने कोविड महामारी के दौरान भी समाज के लिए विभिन्न प्रकार की सहायता प्रदान की और कई सामाजिक कार्यक्रमों में सक्रिय भूमिका निभाई।





