मुंबई, 3 दिसंबर 2025: आने वाले सालों में भारत का इन्वेस्टमेंट और वेल्थ मैनेजमेंट बाजार दोगुनी स्पीड से आगे बढ़ने वाला है। इक्विरस वेल्थ की नई रिपोर्ट के अनुसार यह बाजार FY25 के 14 बिलियन डॉलर से छलांग लगाकर FY31 तक 27–31 बिलियन डॉलर के बीच पहुंच सकता है। इसका मतलब है अगले पांच वर्षों में 15–17% CAGR की दमदार बढ़त।
इस तेज़ी के पीछे बड़ी वजह है—बढ़ते निवेशक, बढ़ती आय, और वैकल्पिक निवेश की ओर तेजी से झुकाव।
वेल्थ मैनेजमेंट मॉडल में बड़ा बदलाव
पिछले एक दशक में यह उद्योग सिर्फ प्रोडक्ट बेचने की सोच से बाहर निकलकर एडवाइजरी-ड्रिवन मॉडल की तरफ बढ़ चुका है।
इस बदलाव के तीन बड़े कारण हैं:
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फैमिली ऑफिस की संख्या में तेजी
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ग्लोबल इन्वेस्टमेंट प्रोडक्ट्स की उपलब्धता
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वन-स्टॉप वेल्थ सॉल्यूशन — टैक्स, एस्टेट प्लानिंग, इंश्योरेंस से लेकर निवेश तक सब कुछ एक ही जगह
इसके साथ ही अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट्स तक पहुंच पहले से अधिक आसान हो चुकी है।
AIF में निवेशक क्या बदलना चाहते हैं?
अगले तीन वर्षों में निवेशकों का झुकाव AIF की ओर और मजबूत होगा, खासकर:
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वेंचर कैपिटल
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प्राइवेट डेट
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लॉन्ग-शॉर्ट रणनीतियां
ये विकल्प उच्च रिटर्न और अधिक लचीली रणनीति का रास्ता खोलते हैं।
फैमिली ऑफिस 10% से बढ़ाकर 15% करेंगे अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट आवंटन
भारतीय फैमिली ऑफिस अब अपने पोर्टफोलियो में प्राइवेट इक्विटी, वेंचर कैपिटल और लॉन्ग-ओनली फंड्स का वजन बढ़ा रहे हैं। आने वाले वर्षों में यह हिस्सा 15% के आसपास पहुंचने की उम्मीद है।
SIF: भारतीय वेल्थ इंडस्ट्री का संभावित गेम चेंजर
SEBI के नए स्पेशलाइज्ड इन्वेस्टमेंट फंड (SIF) को लेकर बाजार में जबरदस्त उत्सुकता है।
क्यों?
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इसमें फंड मैनेजर लॉन्ग और शॉर्ट दोनों पोजीशन ले सकता है
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ऊपर-नीचे दोनों बाजार स्थितियों में रिटर्न कमाने की संभावना
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न्यूनतम निवेश सिर्फ 10 लाख रुपये, AIF की तुलना में काफी आसान एंट्री
SIF भारत में अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट्स को आम निवेशकों के और करीब ला सकता है।
भारत 2047: वित्तीय मजबूती के बिना संभव नहीं
भारत विकसित राष्ट्र बनने के लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है, और इसके लिए ज़रूरी है एक मजबूत, पूंजी-संपन्न और तेजी से बढ़ता फाइनेंशियल सेक्टर।
अगले 20–25 वर्षों में:
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जब GDP 10 गुना बढ़ेगा
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तब वित्तीय एसेट्स को लगभग 20 गुना बढ़ाना होगा
इस ग्रोथ को आगे बढ़ाने में सबसे अहम भूमिका निभाएंगे:
✔ वेल्थ मैनेजमेंट
✔ एसेट मैनेजमेंट
✔ स्टॉक ब्रोकिंग
✔ लेंडिंग सेक्टर
भारत में अमीरों की संख्या तेज़ी से बढ़ेगी
हुरून रिपोर्ट के अनुसार:
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UHNWIs (12–14 मिलियन डॉलर+ नेटवर्थ) अगले 10 वर्षों में 1.3 लाख तक पहुंच सकते हैं — यानी दोगुना
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1 मिलियन डॉलर+ नेटवर्थ वाले समृद्ध परिवार 8.72 लाख से बढ़कर 17–20 लाख हो जाएंगे
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HNIs (1.2–1.4 मिलियन डॉलर+ वाले) 5.9 लाख से बढ़कर 12 लाख+
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सुपर रिच (24–30 मिलियन डॉलर+ नेटवर्थ) की संख्या भी 30,000+ तक जा सकती है
चीन में संपन्नता जहां औद्योगीकरण से बढ़ी, भारत में यह उछाल तकनीक, सर्विस सेक्टर, मैन्युफैक्चरिंग और विदेशी पूंजी के प्रवाह से आएगा।
निष्कर्ष
भारत में वेल्थ मैनेजमेंट का भविष्य पहले से कहीं अधिक मजबूत दिख रहा है। AIF और SIF जैसे उत्पाद निवेशकों को न सिर्फ विविधता, बल्कि बाजार के हर हाल में कमाने का अवसर दे रहे हैं। बढ़ती आय, उभरते फैमिली ऑफिस और बदलती इन्वेस्टमेंट मानसिकता भारत को अगले दशक में वैश्विक वेल्थ हब बनाने की दिशा में ले जा रहे हैं।
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